JaiBhojpuri.com

Come, let's do something for Bhojpuri...

चल देख खेतवा के नजारा , पानी मारेला हिलोर ।

धान के पतई सर सर करे , मस्त हवा करेला जोर !
चल देख खेतवा के नजारा , पानी मारेला हिलोर ।
हरी हरी घसीयन के चढ़ल जवानी ।
रिम झिम बारिस चलावता घानी !
भींजी के खेतवा में होता किसानी !
परती खेत वालन कहेलन हरानी !
घेरी घेरी बरसे ला बदरा , पवन मचावेला शोर ।
चल देख खेतवा के नजारा , पानी मारेला हिलोर ।
मस्ती में झूमेला रहरी के डलिया !
अभी त आवता काँकर में कलिया !
मकई से कागा कहे आपन हलिया !
जोन्हरी व बजरा में आवेला बलिया !
हवा में रंग भरे लहरा के सांवा , साठी के बढ़ेला पोर !
चल देख खेतवा के नजारा , पानी मारेला हिलोर ।
झुकी झुकी सोहत में गावेलन गाना ।
मियाँ बीवी मिलि के लेआवेलन खाना !
रंग रंग के पाखी चली आवेलन नाना !
बैलन के पीछे गुस्सा में चलावेलन ताना !
वर्मा भींजेलन बरखा में झुमी के , सावन के आईल बा जोर !
चल देख खेतवा के नजारा , पानी मारेला हिलोर ।
श्याम नारायण वर्मा

Views: 19

Tags: !, गीत

Comment by नबीन भोजपुरिया ( NB ) on August 5, 2012 at 9:06pm

नीमन रचना !

Comment

You need to be a member of JaiBhojpuri.com to add comments!

Join JaiBhojpuri.com

© 2013   Created by Admin.

Badges  |  Report an Issue  |  Terms of Service