Come, let's do something for Bhojpuri...
Shyam Narain Verma's blog post was featured
Shyam Narain Verma posted a blog post
Rajeev Mishra "राजीव भोजपुरिया" liked Shyam Narain Verma's blog post आईल बाडन बैरी ललकारे हमरा गाँव में |
Rajeev Mishra "राजीव भोजपुरिया" liked Shyam Narain Verma's blog post छोडी के गईल पिया , जहिया से विदेशवा , मनवा लागत नईखे |
शशि कुमार सिंह (SHASHI) liked Shyam Narain Verma's blog post छोडी के गईल पिया , जहिया से विदेशवा , मनवा लागत नईखे |
Shyam Narain Verma's blog post was featured
Shyam Narain Verma posted a blog post
शशि कुमार सिंह (SHASHI) liked Shyam Narain Verma's blog post डार्लिंग दगाबाजी कईल , काहें करवल गवना हमार |
Shyam Narain Verma posted a blog post
शशि कुमार सिंह (SHASHI) liked Shyam Narain Verma's blog post आईल बाडन बैरी ललकारे हमरा गाँव में |
Shyam Narain Verma's blog post was featuredजीवन परिचय
श्री श्याम नारायण वर्मा का जन्म एक जुलाई सन् १९६८ में उत्तर पर्देश में बलिया जनपद के मनियर ब्लाक के पिलुई गांव में हुआ । इनके पिता का नाम श्री सुदर्शन वर्मा और माता का नाम श्रीमती सुनरी देवी था तथा आपके बाबा का नाम श्री फूलेना वर्मा था। आपकी एक बड़ी बहन , एक बड़े भाई , और एक छोटे भाई भी हैं । सन् १९८५ में आपकी शादी हीरावती वर्मा से हुई । आपका एक बेटा तथा दो बेटियाँ हैं । आप ने सन् १९८३ में हाई स्कूल तथा सन् १९८५ में इण्टरमीडिएट की परिक्षा यू पी बोर्ड इलाहाबाद से पास की तथा उस्मानिया यूनिवरसीटी हैदराबाद से बी ए किया । आप सन् १९८९ में मेसर्स ट्रान्सपोर्ट कार्पोरेशन आफ इंडिया लिमिटेड में भर्ती होकर हैदराबाद गये तथा हैदराबाद और दिल्ली तथा हरियाणा प्रदेश के गुड़गाँव में काम किया ! आप अभी महाराष्टर में थाने जिले के भिवांडी तहसील के अंतर्गत डापोडा में आपरेशन आफिसर के पद पर कायर्रत हैं।
आपको हिन्दी और उर्दू में कामयाबी हासिल है । आपको कविता , कहानियां और गजल लिखने का शौक बचपन से है । आपने कई कविताएं , गजल तथा छोटी कहानियाँ भी लिखी । एक पच्चीस कहानियों का संग्रह मनोहर कहानियां के नाम से लिखे हैं । इन कहानियों में आपने समाज में फैली बुराईयों पर प्रकाश डाला है और उसे दूर करने का प्रयास किया है । आप ने गाँव की जिन्दगी को बचपन से देखा है । आपकी कहानियाँ सरस एवं आसान है जिसमें गाँव की जिंदगी का झलक साफ नजर आता है । आप अपने कविता और कहानियों के माध्यम से समाज में फैली बुराईयों को दूर करने की कोशिश करते हैं । आप की हमेशा कोशिश रहती है कि कोई किसी को सताये नहीं और सबको बराबर जीने का अधिकार मिले ! अपने रचनाओं के माध्यम से नशा , आतंक और गाँव के कुरितियों पर प्रकाश डालते हैं ताकि समाज में उसका सुधार हो सके !
Posted on May 21, 2013 at 5:45pm 0 Comments 2 Likes
| सबसे मनोहर पावन जिला , देख जिला बलिया हमार | |
| लोग नहालन ददरी मेला , बहे गंगाजी के धार | |
| मंगल पाण्डेय जी के जिला , जेकर हर जगह नाम बा | |
| प्रधान मंत्री चंद्रशेखर जी ,… |
Posted on May 17, 2013 at 12:46pm 0 Comments 3 Likes
| छोडी के गईल पिया , जहिया से विदेशवा , मनवा लागत नईखे | |
| हरदम खोजेला तोहार साथ , मनवा लागत नईखे | |
| चले जब सर सर बयरिया , लागे अईब पिया घरवा | |
| सूना आसमान देखी , हम के लागे डरवा | … |
Posted on May 7, 2013 at 3:50pm 0 Comments 1 Like
| बहियाँ छोड़ा के जाल राजा , मानेल ना कहना हमार | |
| डार्लिंग दगाबाजी कईल , काहें करवल गवना हमार |, |
| केकरा से आग मान्गबी , केकरा से मान्गबी पानी | |
| केकरा से प्यार मान्गबी , चढ़ल… |
Posted on May 2, 2013 at 5:51pm 1 Comment 6 Likes
| रोक जनि धनियाँ ओढनिया के छाँव में | |
| आईल बाडन बैरी ललकारे हमरा गाँव में | |
| देशवा के खातिर , तोहरा बात में ना आयब | |
| सीमा पर अबहीं जाके , दुश्मन के भगायब | |
| कैसे केहू घर में घूसी , हम ना सह पायब | |
| बार बार धरेलू बहिंयाँ… |
gyan yadav said… bhaiya ke pranam or jai bhojpuri,
hal chal ab theek bhail hai bhaiya or batai apan sab theek thak ba n
gyan yadav said… Pranam Bhaiya,
asha ba ki aap sha-kushal hoib s-parivar ke sathe,
aapke likhal rachna padhni bahut niman lagal mahke,
asha or umeed ba ki age bhi ham sab ke aapke rachna sab padhe ke milat rahi.
dhanyvad.
संजीव सिंह said… वर्मा जी प्रणाम,
त ई बात बा?
अच्छा कवनो बात ना रवुआ अब पुरा के पुरा देवनागरी मे लिख सकेनी। रवुआ निचावा बडका अक्षरवा सन पर एक बार क्लिक करेम त ओजुगा पहुच जाऐम जहवाँ देवनागरी मे भोजपुरी लिखे के आसान से आसन तरीका बतलावल बा। रवुआ कवनो एगो के पकड लेम अउर सटा-सट भोजपुरी देवनागरी मे भोजपुरी भाषा लिखे लागेम।
आशा बा जे ऐह लिंक के पढला के बाद कवनो दिक्कत ना होई अगर तबो दिक्कत बुझाऐ त रिंकू बताऐम। कोशिश कईल जाई जे रावुर दिक्कत खत्म हो सके।
जय भोजपुरी
अभिनन्दन गुप्ता said…
अभिनन्दन गुप्ता said…
Sudhanshu kumar said…
jitendra rs chauhan said… namaste verma jee...ham t thik baani ..raur kais baani......maph kari late javab khatir....
jai bhojpuri
© 2013 Created by Admin.