"बहू बढ़िया मुद्दा बाते. माननी की भोजपुरी के प्रचार होखे के चाही लेकि अच्छाई के साथ ना की अश्लीलता के साथ. हमानी के समाज मे कुच्छ बच्चा लोग बा जेकरा अभी ओटना समझ नाखहे. उ लोग आइसन काम करी ता ठीक लगी. लेकिन पढ़ल लिखाल लोग आ बुजुर्ग लोग आइसन काम करी ता…"




