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भोजपुरी शब्दकोष "ट" वर्ग के ( 'ट ' अउरी 'ठ ' )से........

अ आ इ ई ......से शब्द इयाद परो त एह लिंक के चटका लगाई ,आ लिखी

http://www.jaibhojpuri.com/forum/topics/3634233:Topic:217190


"क" वर्ग के शब्द इयाद परो त एह लिंक के चटका लगाई , आ लिखी

http://www.jaibhojpuri.com/forum/topics/3634233:Topic:221795


'च" औरी 'छ' से शब्द इयाद परो त एह लिंक के चटका लगाई , आ लिखी

http://www.jaibhojpuri.com/forum/topics/3634233:Topic:246587


'ज" औरी 'झ' से शब्द इयाद परो त एह लिंक के चटका लगाई , आ लिखी

http://www.jaibhojpuri.com/forum/topics/3634233:Topic:294004


अब भोजपुरी शब्दकोष के श्रृंखला में "ट" वर्ग के 'ट "औरी 'ठ "से शब्द लिखे के जरुरत महसूस होत बा ........

लेकिन तनी, ध्यान इ देवे के बा, कि एह में खाली "ट  " आ "ठ " से शुरू भईल शब्द के ही लिखे के बा ,काहे की कुलही एकही में लिखे में कुल घाउच-माउच हो जात बा .......आ साथे इहो ध्यान देवे के बा ,कि एक बार में "ट" से लिखी त खाली "ट " से लिखी .......आ "ठ " से लिखी त खाली " ठ " से............ तs फिर लिखल जाव .........


टिकस

टरकल

...

....

ठकुराई

ठोकल

ठाय-ठाय               


जय भोजपुरी जिया भोजपुरी ........

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ठकच के - नरेटी ले 

ठन-ठन - खाली 

ठोर - चोंच 

ठुमरी - गायकी के एगो कला 

ठोढी - दार्ही के अगिला हिस्सा जहवा फ्रेंच कट राखेला 

ठलुआ - बेकार , बेरोजगार

ठोकारी - जीभि आ तारु से आवाज निकालल " ठोकारी पारल " 

ठेस - गोड के अंगुरी मे घाव लागला के कहल जाला 

ठकचल - भरल 

टिकाईल............गाय गोरुं के टिका लगावल

टाड.......गुल्ली डंडा के टाड 

टेवल ................मूंछ टेवल

टोटकह्वा .......

टुड .........गेहू  के  बाली  के टुड  

टुटहा  ..........टूटल 

..............

ठिलिया.................छोट घडीला ( घडा )

 ठुरी ...........मकई के उ दाना ,जवन भुजला पर फूटल ना होखे  
ठेपा ...........अंगूठा के ठप्पा

ठेपी ............शीशी के ढक्कन

ठेकान ........रहे के जगह

टटका,

टिकस,

टिहुकल,

टेंटुवा  ,

टिनाहिया,

टिकोधा.

टिकुली,

टिमकी,

टाटी,

टहटह ,

टेन्हा,

टेंगरा,

टाँगी,

टैम,

टंगरी,

टारल,

टमटम,

टमाटर,

कुछ हो सकेला रीपीट हो गईल होखे ओकरा के इग्नोर क देम सभे   

बात, औरी केहु के रहित त इग्नोर कई दिहल जाईत ..........

हा हा हा हा हा हा हा हा .............
लेकिन "आशुतोष जी" के इग्नोर ना कईल जाई ........

जय हो ...........जय जय हो

 

ठेकल,

ठोढ़ी,

ठेंगा,

ठूंठ,

ठुन्सल,

ठुमुकल,

ठिठुरल,

ठठाईल   ,

ठेंठ,

ठेहुन,

टापुक-टुईया   

   

"टापुक-टुईया"  के सही सही अर्थ केहू बतावो भाई ,हमरा सुनले एह के बहुत दिन हो गईल बा ! 

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